दुर्ग/भिलाई। छत्तीसगढ़ की कथक कलाकार एवं नृत्य शिक्षिका एन. आकांक्षा ने अपनी कला, प्रतिभा और वर्षों की साधना के दम पर एक नई उपलब्धि हासिल की है। उन्हें 1 नवम्बर 2026 को Desh Raag – An International Cultural Harmony के मंच पर प्रतिष्ठित राष्ट्रीय श्री श्री जय पद्मा अवॉर्ड 2026 से सम्मानित किया गया।

यह उपलब्धि उनके लिए और भी खास रही, क्योंकि उन्होंने चयन प्रक्रिया के प्रथम चरण में प्रथम स्थान प्राप्त किया। इसके पश्चात चयन प्रक्रिया के तीनों चरणों को सफलतापूर्वक पार करते हुए उन्होंने यह राष्ट्रीय सम्मान अपने नाम किया।
एन. आकांक्षा पिछले 10 वर्षों से कथक नृत्य के क्षेत्र में निरंतर साधना एवं प्रशिक्षण से जुड़ी हुई हैं। वे लखनऊ घराने की कथक शैली में प्रशिक्षित हैं तथा प्रसार भारती, दूरदर्शन केंद्र रायपुर की 'बी' ग्रेडेड कलाकार भी हैं। वे कथक के साथ-साथ भारतीय शास्त्रीय कला एवं संस्कृति के प्रचार-प्रसार में भी अपना महत्वपूर्ण योगदान दे रही हैं।
इस उपलब्धि पर आकांक्षा ने अपने गुरु श्री तरुण कुमार शर्मा सर एवं डॉ. प्रकाश उमरे सर के प्रति हृदय से आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि गुरुओं के मार्गदर्शन, शिक्षा और आशीर्वाद ने उन्हें इस मुकाम तक पहुँचने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
साथ ही उन्होंने अपनी माता श्रीमती एन. रवना के प्रति विशेष आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उनके प्रेम, त्याग, विश्वास और निरंतर सहयोग के बिना यह उपलब्धि संभव नहीं थी।
आकांक्षा ने देश राग की निर्देशक आदरणीय डॉ. राखी रॉय मैम, निर्णायक मंडल की सदस्य डॉ. संगीता कापसे मैम एवं जुग्राज बाग सर तथा सभी सम्माननीय गुरुजनों का भी हृदय से धन्यवाद किया। उन्होंने कहा कि इन सभी ने उन्हें इस सम्मान के योग्य समझा और अपनी कला को आगे बढ़ाने का एक महत्वपूर्ण अवसर प्रदान किया।
उन्होंने कहा कि यह सम्मान केवल उनकी व्यक्तिगत उपलब्धि नहीं है, बल्कि इसमें उनके गुरुओं की शिक्षा, माता के त्याग, परिवार के सहयोग और सभी शुभचिंतकों के आशीर्वाद का महत्वपूर्ण योगदान है। भविष्य में भी वे कथक कला एवं भारतीय संस्कृति की सेवा पूरी निष्ठा, लगन और समर्पण के साथ करती रहेंगी।
Copyright 2024-25 HeadLinesChhattisgarh - All Rights Reserved
Powered By Global Infotech.